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Kanwar Yatra ke Niyam: कांवर यात्रा के दौरान भूलकर भी न करें ये गलतियां, वरना नाराज हो जाएंगे भोले बाबा

Kanwar Yatra ke Niyam: हिंदू धर्म में सावन माह का विशेष महत्व है। यह महीना भगवान शिव को समर्पित है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, सावन में.....

धर्म कर्म, Kanwar Yatra ke Niyam: हिंदू धर्म में सावन माह का विशेष महत्व है। यह महीना भगवान शिव को समर्पित है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, सावन में भगवान शिव की पूजा करने से व्यक्ति को मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है। इस बार सावन का महीना 22 जुलाई से शुरू हो रहा है. इस माह में कांवर यात्रा भी होती है. ऐसे में अगर आप भी कांवर यात्रा करने जा रहे हैं तो इससे जुड़े जरूरी नियमों के बारे में जरूर जान लें.

Kanwar Yatra ke Niyam:  आपको बता दें कि कांवर यात्रा करने वालों को कांवरिया कहा जाता है

कावड़ यात्रा के दौरान भक्त गंगाजल भरकर शिवलिंग पर चढ़ाते हैं। नदी से जल उठाकर शिवालय तक जाने की इस यात्रा को कांवर यात्रा कहा जाता है। हालाँकि, कांवर यात्रा भी 4 प्रकार की होती है। इसमें सामान्य, डाक, खड़ी और दांडी कांवर यात्रा होती है.

कांवड़ यात्रा के नियम

  1. कांवड़ यात्रा के लिए गंगा या फिर किसी पवित्र नदी का जल ही कांवड़ में भरा जाता है।
  2. कांवड़ में कुंआ या तालाब का जल नहीं भरना चाहिए।
  3. कांवड़ को स्नान के बाद ही स्पर्श करना चाहिए।
  4. कांवड़ यात्रा में कांवड़ियों को पैदल यात्रा करनी चाहिए।
  5. कांवड़ यात्रा के दौरान सात्विक भोजन करना चाहिए। यात्रा के दौरान नशा, मांस-मदिरा और तामसिक भोजन से दूर रहना चाहिए।
  6. यात्रा के दौरान अगर आप कहीं विश्राम करने रुक रहे है तो कांवड़ को भूलकर भी जमीन या चबुतरे पर न रखें। ऐसा करने से यात्रा अधूरी मानी जाती है।कांवड़ को हमेशा जमीन से ऊपर किसी स्टैंड या डाली पर लटका कर रखें।
  7.  कांवड़िये हमेशा जत्थे के साथ रहें। इसके साथ ही साफ मन से ही कांवड़ यात्रा करें।
  8. कांवड़ यात्रा के दौरान मन में क्रोध की भावना न रखें और किसी वाद-विवाद में न उलझें।
  9. वाणी पर संयम रखें, तभी भगवान शिव की कृपा प्राप्त होगी।
  10. पूरी यात्रा के दौरान बम-बम भोले का उच्चारण करें।

Pooja Singh

खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। झूठे पर प्रहार, सच्चे की यार हूं।" (पत्रकारिता में 8 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ राजनैतिक खबरों पर पैनी नजर).

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